Indian Railways News => Topic started by sushil on Jul 12, 2013 - 18:00:51 PM


Title - एनाउंसमेंट से फिल्म प्रमोशन का नया फंडा
Posted by : sushil on Jul 12, 2013 - 18:00:51 PM

मुम्बई. लोकल गाडिय़ों के एनाउंसमेंट के बैकग्राउंड में अगर आपको फिल्म भाग मिल्खा भाग के गाने सुनाई देने लगे तो चौंकिएगा मत, क्योंकि ये फिल्म प्रमोशन का नया फंडा है, जिसे रेलवे ने हाल ही में शुरू किया है. राजस्व अर्जन को बढ़ावा देने के लिए उद्घोषणा के बीच में फिल्म या सीरियलों के विज्ञापन प्रसारित किए जा रहे हैं. इस विज्ञापन के तहत एक मिनट के विज्ञापन के लिए दस हजार रुपये लिए जा रहे हैं. इस योजना की शुरुआत पिछले वर्ष हुई. एक वर्ष के अंदर रेलवे को इससे लगभग 30 लाख रूपए की आय हुई.

जोरदार प्रतिसाद

विशेष फिल्म प्रमोशन के लिए यह फंडा पहुत प्रभावी साबित हो रहा है. कम खर्चे में ज्यादा पब्लिसिटी हो जाती है. अकेले मध्य रेलवे के पब्लिक अनाउंसमेंट सिस्टम से 76 स्टेशनों पर एक साथ अपनी बात पहुंचाई जा सकती है. जिसे ध्यान में रखते हुए प्रोडक्शन हाउस के लिए यह पब्लिसिटी का आसान और सुलभ जरिया बन गया है. अगर महानगर के उपगनरीय कंड की बोत की जाए तो दिनभर में लगभग 72 लाख लोग यात्रा करते हैं. इस योजना के प्रभाव क्षेत्र का अनुमान लगाया जा सकता है.

पीक आवर्स का ख्याल

पब्लिक अनाउंसमेंट सिस्टम में एक बार में अधिकतम 20 सेकेंड का ही ऑडियो चलाया जा जाता है, ताकि यात्रियों संबंधित सूचनाओं का प्रसारण प्रभावित ने हो. मध्य रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी अतुल राणे के अनुसार पब्लिक अनाउसमेंट सिस्टम पर प्रसारित किए जाने वाले विज्ञापनों की सीमा तय की की गई है, सिस्टम का उद्देश्य प्रभावित न हो.

यात्री भी खुश

उद्घोषणा के बीच-बीच में फिल्मी गाने बजने या सीरियल के डायलाग सुनने से यात्री भी खुश है. एड. राजेनंद्र सिंह ने कहा कि यह अच्छा प्रयास है. पर एक लिमिट तक ही इसका उपयोग किया जाना चाहिए, इसी तरह शालिनी ने कहा कि समय के सात चलने के लिए इस तरह के व्यावसायिक तरीके अपनाने ही जाने चाहिए, और इससे मिलने वाले राजस्व का इस्तेमाल यात्री सुविधाओं के विकास पर किया जाना चाहिए.