Indian Railways News => Topic started by AllIsWell on Jun 29, 2013 - 21:01:18 PM


Title - नांगलोई में ट्रेन पर पथराव, रोहतक-दिल्ली टैक पर रेल यातायात चार घंटे प्रभावित
Posted by : AllIsWell on Jun 29, 2013 - 21:01:18 PM

दिल्ली की नांगलोई में पैसेंजर ट्रेन पर पथराव करने और रेलवे टै्रक पर प्रदर्शन करने से रोहतक-दिल्ली रेल मार्ग चार घंटे तक बाधित रहा। टै्रक पर ट्रेनों का संचालन नहीं होने के कारण यात्रियों को काफी परेशानीका सामना करना पड़ा। बाद में अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियोंको कार्रवाई का आश्वासन देने के बाद टै्रक को चालू किया गया।
बृहस्पतिवार रात नांगलोई में स्थानीय लोगों और रेलवे यात्रियों के बीच खूनी संघर्ष होगया था, जिसमें आधा दर्जन से अधिकलोग घायल हो गए थे। इसी वारदात केविरोध में शुक्रवार को नांगलोई में कुछ लोगों ने रोहतक से सवा छहबजे चलने वाली पैसेंजर ट्रेन टीआर पर पथराव कर दिया। ट्रेन में सवार यात्रियों ने भी हंगामाखड़ा कर दिया, जिसके कारण स्थिति तनावपूर्ण हो गया। नांगलोई में उग्र स्थिति को देखते हुए दिल्लीकी तरफ जाने वाली सभी ट्रेनों को बहादुरगढ़, सांपला व रोहतक में ही रोक लिया गया। उससे यात्रियोंको काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। सबसे ज्यादा परेशानी तो दिल्ली जाने वाले नौकरीपेशा लेागों को उठानी पड़ी। सुबह के वक्त दिल्ली की तरफ हजारों यात्री ट्रेनों में यात्रा करते हैं, लेकिन रेलवे टै्रक अवरुद्ध होने के कारण ट्रेनें दिल्ली नहीं पहुंच सकी। यात्री बीच के स्टेशनों में ही ट्रेनों में फंसे रहे। कई स्थानों पर ट्रेनोंमें सवार यात्रियों ने भी रोष प्रकट किया, लेकिन नांगलोई में स्थिति तनावपूर्ण होने के कारण रेलवे ने गाड़ियों को आगे नहंी बढ़ने दिया। सुबह दस बजे के बाद ही रेलवे टै्रक पर दोबारा से ट्रेनें दौड़ना शुरू हुई। इसके बाद ही यात्रियों ने राहत की सांस मिली।
ये ट्रेनें हुई प्रभावित
तिलकब्रिज जाने वाले पैसेंजर ट्रेन सुबह सवा छह बजे रोहतक स्टेशन से रवाना हुई। नांगलोई पहुंचने पर इसी ट्रेन पर वहां के स्थानीय लोगों ने पथराव शुरू कर दिया। जिसके कारण ट्रेन को वहीं पर रोकना पड़ा। सात बजकर 57 मिनट पर रवना हुई सिरसा एक्सप्रेस को सांपला रेलवे स्टेशन पर रोकना पड़ा। इसी तरह आठ बजे कर बीस मिनट पर चलने वाली पैसेंजर ट्रेन और नौ बजकर दस मिनट पर चलने वाली पैसेंजर ट्रेन को भी बीच के स्टेशन पर रोका गया था। हालांकि इस समय दिल्ली की तरफ से कोई ट्रेन नहीं होने के कारण टै्रक ज्यादा प्रभावित नहीं हो सका।
सड़क यातायात से रवना हुए यात्री
दिल्ली में नौकरीपेशा करने वाले यात्रियों ने अपने कार्यालयों में पहुंचने के लिए सड़क यातायात का सहारा लेना पड़ा। ट्रेनों में फंसे यात्री रोडवेज बसों व अन्य वाहनों से अपने गंतव्य की तरफ रवाना हुए। उधर, स्टेशन पर मौजूद यात्रियों को भी घंटों ट्रेनों का इंतजार करना पड़ा। स्टेशन पर पूछताछ केंद्र के बाहर यात्रियों की भीड़ जमा रही।
आरपीएफ व जीआरपी ने संभाला मोर्चा
नांगलोई में ट्रेन पर पथराव किए जाने की घटना को लेकर स्थिति बिगड़ गई थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए आरपीएफ और जीआरपी कर्मियों ने मोर्चा संभालते हुए स्थिति पर कंट्रोल किया। आरपीएफ व जीआरपी थाना रोहतक से पुलिस बल नांगलोई पहुंचा, उधर दिल्ली आरपीएफ पुलिस फोर्स भी वहां पहुंच गई थी। इसके बाद ही प्रदर्शनकारियों को शांत कराया गया।
मामले की गंभीरता को देखते हुए रोकी ट्रेन
रोहतक स्टेशन के अधीक्षक बलवान सिंह मीणा से जब इस बारे में बातचीत की तो उन्होंने बताया कि नांगलोई में स्थानीय लोगों और यात्रियों के बीच बृहस्पतिवार रात को हुई झड़प के बाद शुक्रवार को पथराव कर दिया था। इस घटना की गंभीरता को देखते हुए ट्रेनों कोरोकना पड़ा। सुबह दस बजे के बाद ट्रेनों का दोबारा से संचालन शुरू कर दिया गया था।