Indian Railways News => Topic started by railenquiry on Aug 03, 2013 - 00:02:01 AM


Title - रेलवे हाल्ट है खूनी सड़क का एकमात्र विकल्प
Posted by : railenquiry on Aug 03, 2013 - 00:02:01 AM

हल्द्वानी। बुड़ाखत्ता गांव टांडा रेंज के रेलवे क्रासिंग पर रेल हाल्ट बनने से हजारों लोगों को खूनी सड़क से निजात मिल सकती है। इस मांग को लेकर जन प्रतिनिधियों समेत सांसद केसी सिंह बाबा ने भी तीन सूत्रीय मांगों पर अमल कराने के लिए रेलवे के अधिकारियों को पत्र भेजा है।
क्षेत्रवासियों की शिकायत है कि आजादी के छह दशक बाद भी प्रदेश में रेल नेटवर्क नहीं बढ़ सका है जबकि तराई-भाबर के तमाम लोगों की रोजाना रुद्रपुर तक आवाजाही रहती है, लेकिन रामनगर, काशीपुर से बाजपुर एवं रुद्रपुर रूट पर सीधी रेल सेवा नहीं होने से लोगों को दिक्कत होती है। काशीपुर रुद्रपुर राष्ट्रीय राजमार्ग पर दिनरात हैवी ट्रैफिक चलने से इस रूट पर दुर्घटनाओं का खतरा अधिक रहता है, वहीं लालकुआं से रामनगर तक 85 किमी लंबे रेलवे ट्रैक पर ट्रेन की आवाजाही सीमित है। रेलवे के अधिकारी हावड़ा रूट की ट्रेन को सिर्फ लालकुआं से चला रहे हैं, जबकि संचालन रामनगर से होना चाहिए। बाजपुर निवासी समाजसेवी केशव पासी बताते हैं कि 23 किमी लंबे गूलरभोज-लालकुआं सेक्शन के बीच गूलरभोज से 13 किमी की दूरी पर स्थित बुड़ाखत्ता गांव टांडा रेंज क्रासिंग हाल्ट की सख्त जरूरत है। ब्यूरो
इसी से लोगों को खूनी सड़क का एकमात्र विकल्प मिल सकता है। ब्‍यूरो
स्थानीय ग्रामीण हरदयाल सिंह बताते हैं कि क्षेत्रवासी काशीपुर-लालकुआं के बीच दैनिक रेलसेवा बढ़ाने समेत तीन सूत्रीय मांगों को लेकर आंदोलित हैं। इनकी मांग के समर्थन में सांसद बाबा ने भी रेलवे अधिकारियों को पत्र भेजा है।