Indian Railways News => Topic started by irmafia on Aug 01, 2012 - 06:01:05 AM


Title - पावर ग्रिड में गड़बड़ी से थमा शहर, कैंडल लाइट में हुई डिलीवरी
Posted by : irmafia on Aug 01, 2012 - 06:01:05 AM

चंडीगढ़. नॉर्दर्न पावर ग्रिड में आई गड़बड़ी ने ट्राईसिटी की लाइफ डिरेल कर दी। रविवार को आधी रात जागकर काटनी पड़ी। सोमवार सुबह पानी नहीं मिला। कई बच्चे स्कूल नहीं जा पाए, कुछ लेट पहुंचे। शहर के तीनों बड़े अस्पतालों पीजीआई, जीएमसीएच-32 और जीएमएसएच-16 में मरीजों को कार्ड बनाने से लेकर, फीस जमा कराने तक लंबा इंतजार करना पड़ा।

जीएमएसएच-16 में कुछ ऑपरेशन टालने पड़े। रेलवे स्टेशन पर समस्या और भी ज्यादा दिखी। रात ढाई बजे से सुबह 9.50 तक जो ट्रेन जहां खड़ी थी, वहीं खड़ी रह गई। नई दिल्ली जाने वाली शताब्दी को डीजल इंजन लगाकर रवाना करना पड़ा। एक दर्जन गाड़ियां लेट हुईं।

कैंडल लाइट में हुई डिलीवरी

बिजली बंद होने के कारण सिविल अस्पताल मोरिंडा में सोमवार सुबह 5.40 बजे डॉक्टरों को एक डिलीवरी के दौरान रोशनी के लिए मोमबत्ती का इस्तेमाल करना पड़ा। डॉ. जसविंदर सिंह और नर्स सीता देवी ने बताया कि वार्ड नंबर 2 के अब्दुल हुसैन की पत्नी कुरैशा की डिलीवरी ऑपरेशन के जरिये की गई।

ऑपरेशन के समय अस्पताल में बिजली नहीं थी। इन्वर्टर भी चार्ज नहीं था और अस्पताल का जेनरेटर खराब होने के कारण रिपेयर के लिए भेज रखा है। ओटी में अंधेरा होने के कारण कुरैशा का ऑपरेशन मोमबत्ती की रोशनी में करना पड़ा। इस दौरान डॉक्टरों और नर्सो को भी काफी दिक्कत उठानी पड़ी। हालांकि ऑपरेशन कामयाब रहा और कुरैशा ने एक बच्ची को जन्म दिया, जो सही सलामत है।

मोरिंडा बिजली बंद होने के कारण सिविल अस्पताल मोरिंडा में सोमवार सुबह 5.40 बजे डॉक्टरों को एक डिलीवरी के दौरान रोशनी के लिए मोमबत्ती का इस्तेमाल करना पड़ा। डॉ. जसविंदर सिंह और नर्स सीता देवी ने बताया कि वार्ड नंबर 2 के अब्दुल हुसैन की पत्नी कुरैशा की डिलीवरी ऑपरेशन के जरिये की गई।

ऑपरेशन के समय अस्पताल में बिजली नहीं थी। इन्वर्टर भी चार्ज नहीं था और अस्पताल का जेनरेटर खराब होने के कारण रिपेयर के लिए भेज रखा है। ओटी में अंधेरा होने के कारण कुरैशा का ऑपरेशन मोमबत्ती की रोशनी में करना पड़ा। इस दौरान डॉक्टरों और नर्सो को भी काफी दिक्कत उठानी पड़ी। हालांकि ऑपरेशन कामयाब रहा और कुरैशा ने एक बच्ची को जन्म दिया, जो सही सलामत है।