Indian Railways News => Topic started by railgenie on Aug 06, 2012 - 00:21:10 AM


Title - दप्पर तक ही डबल लाइन होगा ट्रैक
Posted by : railgenie on Aug 06, 2012 - 00:21:10 AM

अंबाला। अंबाला-चंडीगढ़ रेलवे ट्रैक के दोहरीकरण में एक बड़ा पेंच फंस गया है। हाईकमान से इस ट्रैक को चंडीगढ़ तक दोहरीकरण की अभी कोई अनुमति नहीं मिली है। अभी इसकी संभावनाएं भी कम हैं, क्योंकि इस रूट पर अभी यात्रियों का बहुत ज्यादा रस नहीं है। सूत्रों के अनुसार कारोबार के लिहाज से भी इस ट्रैक पर ज्यादा मुनाफे की संभावनाएं रेलवे को नजर नहीं आ रही है। लिहाजा ये ट्रैक अभी अंबाला से दप्पर स्टेशन तक ही डबल लाइन होगा। दूसरी तरफ, अंबाला से दप्पर तक ट्रैक को डबल लाइन करने का भी रेल महकमे ने शुरू कर दिया है। इसके लिए बजट राशि की एक किस्त पहुंच चुकी है।उल्लेखनीय है कि अंबाला-चंडीगढ़ रेलवे स्टेशन के बीच सिंगल लाइन है। चंडीगढ़ भी अंबाला मंडल का महत्वपूर्ण रेलवे स्टेशन है, इस लिहाज से अंबाला से चंडीगढ़ तक रेल ट्रैक को डबल लाइन करने का प्रस्ताव तैयार किया गया था, ताकि ट्रेनों का आवागमन और ज्यादा सरल हो और यात्रियों को भी सुविधा मिले।
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दप्पर तक यह है संभावना : रेलवे सूत्रों के अनुसार इस प्रपोजल के सर्वे के बाद पाया गया कि अंबाला से चंडीगढ़ रूट पर यात्रियों का अभी बहुत ज्यादा रश नहीं है, कारोबार के हिसाब से भी इस रूट पर मालगाड़ियों का आवागमन भी चंडीगढ़ तक कम है। इस रूट पर दप्पर स्टेशन पर रेलवे का कंटेनर डिपो है, आर्मी का एम्युनेशन का बहुत बड़ा डिपो है। लालड़ू में भी काफी औद्योगिक इकाइयां है इसलिए अंबाला से दप्पर के बीच ट्रैक को डबल लाइन जरूर होना चाहिए। इसी को आधार बनाकर अंबाला-चंडीगढ़ रूट को पूरा डबल करने का प्रपोजल पर अभी ब्रेक लग गया है। ये ट्रैक अंबाला से दप्पर तक ही डबल लाइन होगा। इस प्रोजेक्ट के रेलवे ने 150 करोड़ रुपये का बजट इस्टीमेट तैयार किया है। इसमें 25 करोड़ रुपये की पहली किस्त भेज दी गई है।

जंडली पुल होगा चौड़ा

अंबाला से दप्पर तक ट्रैक को दोहरीकरण करने के इस प्रोजेक्ट में न तो कोई नया अंडर रेलवे ब्रिज और न ही नया रेलवे ओवर ब्रिज बनाया जाएगा। इसमें सिर्फ जंडली रेलवे ओवर ब्रिज को ही चौड़ा किया जाना है। इसके लिए किसी प्रकार की जमीन अधिग्रहण का भी कोई पंगा नहीं है। दूसरी लाइन बिछाने के लिए रेलवे के पास मौजूदा लाइन के साथ ही पर्याप्त जमीन उपलब्ध है। वर्ष-2014 तक इस प्रोजेक्ट को पूरा करने की डेडलाइन निर्धारित की गई है।

‘अंबाला-चंडीगढ़ ट्रैक को पूरा चंडीगढ़ तक नहीं, सिर्फ दप्पर तक ही डबल लाइन किया जाना है। चंडीगढ़ तक डबल लाइन की अभी कोई संभावना नहीं है। आने वाले कुछ वर्षों में यदि रेल विभाग को इसकी जरूरत महसूस होती है, तो इसके लिए अलग से प्रस्ताव तैयार किया जाएगा। अभी दप्पर तक ही लाइन को डबल किया जाएगा।’ -प्रमोद कुमार, अपर मंडल रेल प्रबंधक