Indian Railways News => Topic started by RailXpert on Aug 20, 2013 - 23:58:03 PM


Title - धमारा रेल हादसा की होगी उच्चस्तरीय जांच :अधीर
Posted by : RailXpert on Aug 20, 2013 - 23:58:03 PM

मानसी-सहरसा रेल खंड के धमारा स्टेशन पर 28 लोगों के कटकर मरने की सूचना पाकर रेल राज्य मंत्री अधीर रंजन चौधरी सोमवार की देर रात घटनास्थल का मुआयना करने पहुंचे। उनका सैलून रात सवा दो बजे मानसी जंक्शन पर रुका। मगर, मंत्री बाहर नहीं निकले। रात 2.40 बजे सैलून वहां से धमारा के लिए रवाना हुआ। रास्ते में बदलाघाट पर कुछ देर के लिए रुका। रात 3.10 बजे चौधरी धमारा पहुंच कर अपने सैलून से बाहर निकले। सबसे पहले वे आक्रोशित लोगों द्वारा जलाई गई 12567 अप राज्यरानी एक्सप्रेस और 55533 अप ट्रेनों को देखने गए। वहां से लौटकर स्टेशन में आगजनी व तोड़फोड़ का निरीक्षण किया। इसके बाद वे मीडिया से मुखातिब हुए। पत्रकारों के सवालों का जबाव देते हुए उन्होंने कहा, घटना की उच्चस्तरीय जांच कराई जाएगी। रिपोर्ट आने के बाद ही दोषियों पर कार्रवाई की जाएगी। क्षति की बाबत पूछे जाने पर बोले, लगभग नौ करोड़ की क्षति हुई होगी।
उन्होंने कहा, रेलवे के अपने नियम हैं। उन्हीं के अनुरूप ट्रेनों का परिचालन होता है। यहां अगर मेला लगता है तो सुरक्षा के इंतजाम राज्य सरकार को करने चाहिए थे। सरकार यदि रेलवे से सहयोग मांगती तो हम जरूर देते। उन्होंने इस दुर्गम इलाके में सड़क की सुविधा नहीं होने पर भी सवाल उठाया। उन्होंने कहा, यहां प्रधानमंत्री सड़क योजना से सड़क बनाई जानी चाहिए थी।
धमारा स्टेशन की उपेक्षा के सवाल पर बोले, यहां का विकास जरूर होना चाहिए था। हमसे पूर्व नीतीश कुमार, लालू प्रसाद यादव व रामविलास पासवान रेल मंत्री रह चुके हैं। वे लोग इसी सूबे के रहने वाले हैं, फिर वे यहां का विकास क्यों नहीं कर पाए? फिर खुद ही जबाव दिया-रेलवे आय के हिसाब से स्टेशन का विकास करता है। कोई ऐतिहासिक स्थान अगल-बगल में मौजूद हो तो बात अलग है। उन्होंने धमारा स्टेशन पर फुटओवर ब्रिज बनाने व दो नंबर प्लेटफॉर्म को ऊंचा कराने की घोषणा की। लगभग 50 मिनट रुकने के बाद सुबह चार बजे उनका सैलून खगड़िया के लिए रवाना हुआ। बीच में मानसी में कुछ देर रुकने के बाद वे खगड़िया के लिए रवाना हो गए। सुबह साढ़े चार बजे के आसपास खगड़िया पहुंचे। वहां उतर कर कार से सदर अस्पताल में भर्ती घायलों को देखने गए। घायलों का हालचाल लेने के बाद चौधरी ने सदर अस्पताल के डीएस को घायलों के इलाज में किसी प्रकार की कोताही न बरतने की हिदायत दी। चौधरी ने यह भी कहा, जरूरत होने पर बाहर से भी डॉक्टर व दवाएं मंगाई जा सकती हैं। इतना ही नहीं मरीजों को बेहतर इलाज के लिए कहीं अन्यत्र भेजने की जरूरत हो तो उन्हें जरूर भेजा जाए। इलाज का सारा खर्च रेलवे देगा। चौधरी ने घायलों के बीच एक लाख रुपये की सहायता राशि देने की रेलवे द्वारा की गई घोषणा के तहत सदर प्रखंड के रानी सकरपुरा के राममूर्ति महतो को 95 हजार रुपये का चेक व 5 हजार रुपये नकद दिए।
इस मौके पर मौजूद पूर्व मध्य रेलवे के महाप्रबंधक मधुरेश कुमार व समस्तीपुर के डीआरएम अरुण मलिक को मृतकों को पांच-पांच लाख व घायलों को एक-एक लाख रुपये दो दिनों के भीतर उपलब्ध कराने का आदेश दिया। इसके बाद चौधरी पटना के लिए रवाना हो गए।